वह जर्मन 'आर्यों' को दुनिया की सबसे श्रेष्ठ नस्ल मानता था।
प्रथम विश्व युद्ध के बाद जर्मनी की स्थिति अत्यंत दयनीय थी। 'वर्साय की संधि' ने जर्मनी पर अपमानजनक शर्तें थोपी थीं और भारी जुर्माना लगाया था। देश आर्थिक मंदी, बेरोजगारी और राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहा था। हिटलर ने इस असंतोष को अपनी ताकत बनाया। वह एक कुशल वक्ता था और उसने जर्मन लोगों को खोया हुआ सम्मान वापस दिलाने और 'शुद्ध आर्य' राष्ट्र बनाने का सपना दिखाया। hitler the rise of evil in hindi
: जेल से बाहर आने के बाद, 1929 की आर्थिक मंदी ने जर्मनी को तोड़ दिया, जिसका फायदा उठाकर नाजियों ने अपनी पैठ बनाई। 1933 में, राजनीतिक जोड़-तोड़ के बाद राष्ट्रपति हिंडनबर्ग ने उसे जर्मनी का चांसलर नियुक्त किया। hitler the rise of evil in hindi
हिटलर: द राइज़ ऑफ़ इविल - एक तानाशाह के उदय की खौफनाक दास्तां hitler the rise of evil in hindi
रॉबर्ट कार्लाइल (Robert Carlyle) ने एडॉल्फ हिटलर की भूमिका निभाई है।
: हिटलर का करीबी मित्र जिसने उसे उच्च वर्ग में अपनी जगह बनाने में मदद की।
1. प्रारंभिक जीवन और संघर्ष